Ladli Behna Yojana: मध्य प्रदेश की लाड़ली बहना योजना महिलाओं के लिए एक बड़ी पहल साबित हो रही है. इस योजना के माध्यम से महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं. अब तक, महिलाओं के बैंक खातों में 34वीं किस्त ट्रांसफर की जा चुकी है. अब लगभग 1.29 करोड़ महिलाएं 35वीं किस्त का इंतजार कर रही हैं. बता दें कि महिलाओं को अभी हर महीने ₹1,500 मिल रहे हैं और उम्मीद है कि इस बार भी उन्हें इतनी ही राशि मिलेगी. आइए जानते हैं कि अप्रैल में 35वीं किस्त की राशि कब तक खातों में आ सकती है.

मध्य प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी लाड़ली बहना योजना के तहत 35वीं किस्त को लेकर लाभार्थियों में जबरदस्त उत्साह है. पूरे राज्य में लगभग 1.29 करोड़ महिलाएं इस किस्त का बेसब्री से इंतजार कर रही हैं. इसी इंतजार के बीच एक नया अपडेट सामने आया है. आइए जानते हैं कि अप्रैल में महिलाओं को 35वीं किस्त की राशि कब मिलेगी.
आगे बढ़ने से पहले बता दें कि लाड़ली बहना योजना की 34वीं किस्त 13 मार्च, 2026 को जारी की गई थी. इस किस्त में पात्र महिलाओं के खातों में एक ही क्लिक के जरिए ₹1,500 की राशि ट्रांसफर की गई थी. मुख्यमंत्री मोहन यादव ने ग्वालियर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान यह राशि जारी की थी.
लाडली बहना योजना की 35वीं किस्त को लेकर लंबे समय से इंतजार कर रहीं बहनों के लिए एक खुशखबरी है. जानकारी के अनुसार अब यह उम्मीद है कि यह राशि बहुत जल्द ही उनके खातों में आ सकती है. लगभग 1.29 करोड़ लाभार्थी महिलाओं की नजरें इस किस्त पर टिकी हुई हैं.
आमतौर पर सरकार हर महीने की 1 तारीख से 15 तारीख के बीच राशि ट्रांसफर करती है. इसी पैटर्न के अनुसार, अप्रैल 2026 की किस्त भी 1 तारीख से 15 तारीख के बीच मिलने की उम्मीद है. हालांकि इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है.

इस योजना के तहत महिलाओं को हर महीने ₹1,500 मिल रहे हैं. हालांकि सोशल मीडिया पर ऐसी चर्चाएं चल रही हैं कि इस बार महिलाओं को दी जाने वाली राशि बढ़ाई जाएगी. लेकिन सरकार की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि जारी नहीं की गई है कि राशि कब बढ़ाई जाएगी.
यदि राशि आपके खाते में नहीं पहुंचती है, तो महिलाओं को अपनी समग्र ID (e-KYC), अपने बैंक खाते के आधार लिंकिंग की स्थिति और अपने DBT (Direct Benefit Transfer) की स्थिति की जांच करनी चाहिए. यदि इनमें से कोई भी प्रक्रिया अधूरी रह जाती है, तो आपके खाते में पैसा नहीं आएगा.
